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Category: भारत

विजे की टीवीके ने तमिलनाडु की राजनीति में दंग किया, पर बहुमत नहीं पकड़ सका

तमिलनाडु के चुनाव परिणामों ने देश को फिर एक बार आश्चर्यचकित किया। ‘थलापथी’ के रूप में जाने जाने वाले अभिनेता विजय की नई पार्टी, तमिलगा वेट्री क़ज़हगम (TVK), ने शुरुआती सर्वेक्षणों में तीन अंकों की बढ़त दिखाई, परन्तु अंतिम गिनती में बहुमत हासिल नहीं कर पाई। इस विकास ने राज्य की दो दशक से चली आ रही धुरी‑धुरी राजनीति, यानी द्राविड़ी अवेग के तहत डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी (DMK) और एइएडिएमके (AIADMK) को पहले से ही अस्थिर कर दिया है।

TVK का प्रदर्शन भाग्यशाली नहीं, बल्कि एक संरचनात्मक असंतुलन का प्रतिबिंब है। चुनाव आयोग की प्रक्रिया‑परक दक्षता, मतदान पोर्टलों की तकनीकी चूकों और त्वरित ग़ुनावली अद्यतन में लम्बी देरी ने प्रशासकीय अक्षमता को उजागर किया। परिणामों को सार्वजनिक करने के दो घंटे बाद ही प्रशासन ने सामने आ रहे “सेलेब्रिटी‑पॉलिटिक्स” के संभावित जोखिमों पर टिप्पणी की, परन्तु ठोस कदम या नीति‑परिवर्तन का कोई संकेत नहीं मिला।

DMK और AIADMK के संबंधों में अब नई जड़ता देखी जा रही है। दोनों पक्षों के नेताओं ने सार्वजनिक रूप से TVK को “एक अस्थायी उत्तेजना” कहा, जबकि समान्य जनता के असंतोष को दूर करने के लिये कोई ठोस विकास योजना नहीं पेश की। यह दर्शाता है कि सत्ता की दोहरा‑डोमिनैंस के बावजूद उत्तरदायित्व के प्रावधान में नीति‑निर्माताओं का हाथ थोड़ा सुस्त है।

विजय की व्यक्तिगत लोकप्रियता ने वोटर बेस को आकर्षित किया, परन्तु यह प्रश्न अभी भी बना है कि व्यक्तिगत आकर्षण के आधार पर गठित पार्टी स्थायी शासन व्यवस्था प्रदान कर पाएगी या नहीं। भारत के लोकतांत्रिक ढाँचे में राजनैतिक स्थिरता हेतु पार्टियों को विचार‑धारा, नीति‑दृष्टिकोण और सतत संस्थागत संरचना की आवश्यकता है, न कि केवल सितारों के करिश्मे पर निर्भरता।

परिणामस्वरूप, तमिलनाडु की विधायी सभा अब एक अर्द्ध‑संघर्ष का चरण देखेगी, जहाँ कई बंधनों की पुनर्संरचना आवश्यक होगी। प्रशासन को अब न केवल चुनाव प्रक्रिया में सुधार लाना चाहिए, बल्कि इस नई राजनीतिक गतिशीलता को स्वीकार कर, नीति‑निर्माण में पारदर्शिता, जवाबदेही और नागरिक सहभागिता को सुदृढ़ करना चाहिए। इस मोड़ पर यदि राजनैतिक वर्ग अपनी अकड़ को कम कर, वास्तविक शासन‑कार्यान्वयन पर ध्यान केंद्रित करे, तो इस ‘सेलेब्रिटी‑वोट’ को एक सतत लोकतांत्रिक बदलाव में परिवर्तित किया जा सकता है।

Published: May 4, 2026