आंध्र प्रदेश के कड़ापा में नाबालिग लड़की के प्रस्ताव अस्वीकार पर जख्मी कर घातक हमला
आंध्र प्रदेश के कड़ापा जिले के खाज़िपेट मंडल के अग्रहराम गांव में शुक्रवार को एक नाबालिग लड़की के विवाह प्रस्ताव को अस्वीकार करने के बाद उसके गले में चाकू घोंसे जाने की घटना सामने आई। स्थानीय पुलिस के अनुसार, आरोपी युवक ने लड़की को थूटा करने के बाद घातक चोटें पहुंचाई, जिससे वह मृत्यु के कगार पर पहुँच गई।
घटना के बाद थाना दरबार में एफआईआर दर्ज किया गया और आरोपी को तुरंत गिरफ्तार कर जेल में रखा गया। पुलिस ने जाँच के हिस्से के रूप में फ़ॉरेंसिक विज्ञान विभाग को स्नैपशॉट, रक्त के नमूने और घटनास्थल के प्रतिबिंबों की जांच के लिए भेजा है। अब तक प्रारम्भिक अन्वेषण से यह स्पष्ट हुआ है कि अपराध के कारण के रूप में प्रस्ताव अस्वीकार का हवाला दिया गया है, परंतु आयोगित तथ्यों को अदालत में पेश करने से पहले आगे की जाँच जारी है।
कर्मचारियों ने बताया कि आरोपी को ठहराव के दौरान मानसिक स्वास्थ्य मूल्यांकन के लिये मनोवैज्ञानिक विशेषज्ञ को भी बुलाया गया है, जबकि अभियोजन टीम के साथ मिलकर उसे विभिन्न धारा के तहत खटारा प्रस्तुत किया गया है। इस घटना पर स्थानीय प्रशासन ने सामाजिक चेतना बढ़ाने और बाल सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर बल दिया।
कृiminal प्रक्रिया विशेषज्ञ अधिवक्ता सिमरनजित सिंह सिद्धू ने बताया कि हत्या के आरोप में शून्य-हथिया (बिल ऑफ टॉड) बनाने के लिए विस्तृत फोरेंसिक रिपोर्ट और गवाहियों की आवश्यकता होगी। उनका कहना है कि पुलिस को उचित प्रक्रिया के तहत आरोपी को हिरासत में रखने, बंधक की शर्तें तय करने और जमानत के प्रावधानों का अनुपालन करने का कर्तव्य है। यदि आरोप उचित रूप से सिद्ध हो जाते हैं तो अभियोजन पक्ष द्वारा उचित दंडात्मक धाराएँ लागू की जा सकती हैं।
वर्तमान में मामले की सुनवाई जिला न्यायालय में निर्धारित होने की संभावना है, जहाँ अदालत के सामने सभी साक्ष्य और विशेषज्ञ रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएँगी। इस बीच महिला अधिकार समूह ने इस घटना को लैंगिक हिंसा के बढ़ते पैटर्न के रूप में उजागर किया है और तत्काल कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
Published: May 3, 2026